अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने धमकी दी थी कि जो देश रूस से तेल खरीदेगा, उस पर 100% टैक्स (टैरिफ) लगाया जाएगा। लेकिन भारत पर इस धमकी का कोई असर नहीं हुआ। भारत ने रूस से कच्चा तेल खरीदने के सारे पुराने रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं।
जुलाई में भारत ने रूस से हर दिन करीब 28 लाख बैरल तेल खरीदा। अब भारत बाहर से जितना भी तेल मंगाता है, उसमें से आधा से ज्यादा (करीब 55%) सिर्फ रूस से आता है।
भारत रूस से ही तेल क्यों खरीद रहा है?
-
सस्ता तेल: रूस भारत को बाकी दुनिया से सस्ता तेल दे रहा है, जिससे भारत का काफी पैसा बचता है।
-
अमेरिका में कानून नहीं बना: ट्रंप ने जो 100% टैक्स की बात कही है, वह अभी सिर्फ एक प्रस्ताव है, कानून नहीं। अमेरिका की अपनी कंपनियां ही इसका विरोध कर रही हैं।
-
सुरक्षित रास्ता: रूस से तेल जिस समुद्री रास्ते से आता है, वहां युद्ध या हमले का खतरा कम है।
अमेरिका से रसोई गैस (LPG) खरीद रहा भारत
ऐसा नहीं है कि भारत अमेरिका से व्यापार बंद कर रहा है। एक तरफ जहां कच्चा तेल रूस से आ रहा है, वहीं दूसरी तरफ रसोई गैस (LPG) भारत अमेरिका से खरीद रहा है।
जुलाई में भारत ने कुल 12 लाख टन LPG मंगाया, जिसमें से 9 लाख टन LPG अकेले अमेरिका से आया। यानी भारत अपने फायदे के हिसाब से दोनों देशों से काम ले रहा है।
इस पर आपका क्या सोचना है? कमेंट में अपनी राय जरूर लिखें।

✍️ प्रतिक्रिया दें (Leave a Comment)